Tarak Nath Das

तारक नाथ दास

Tarak Nath Das

Indian revolutionary (1884–1958)

तारकनाथ दास: एक क्रांतिकारी और अंतर्राष्ट्रीय विद्वान

तारकनाथ दास (या तारक नाथ दास), 15 जून 1884 को पैदा हुए और 22 दिसंबर 1958 को निधन हुए, एक भारतीय क्रांतिकारी और अंतर्राष्ट्रीय विद्वान थे। वे उत्तरी अमेरिका के पश्चिमी तट पर एक अग्रणी प्रवासी थे और उन्होंने भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के पक्ष में एशियाई भारतीय प्रवासियों का संगठन करते हुए, टॉलस्टॉय के साथ अपनी योजनाओं पर चर्चा की। वे कोलंबिया विश्वविद्यालय में राजनीति विज्ञान के प्रोफेसर थे और कई अन्य विश्वविद्यालयों में अतिथि संकाय के रूप में भी कार्यरत थे।

जीवन और कार्य:

  • प्रारंभिक जीवन: तारकनाथ दास का जन्म बंगाल के कलकत्ता (अब कोलकाता) में हुआ था। उन्होंने कलकत्ता विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त की और एक युवा आयु में ही राष्ट्रीय आंदोलन में शामिल हो गए।
  • अमेरिका में प्रवास: 1909 में, तारकनाथ दास अमेरिका चले गए, जहाँ उन्होंने अमेरिका के पश्चिमी तट पर भारतीय प्रवासियों के लिए एक महत्वपूर्ण नेता के रूप में काम किया। उन्होंने भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के समर्थन में विभिन्न संगठनों की स्थापना की और अमेरिकी जनता को भारतीय राष्ट्रवाद के बारे में जागरूक किया।
  • टॉलस्टॉय से मुलाक़ात: तारकनाथ दास ने रूसी लेखक लियो टॉलस्टॉय से भी मुलाक़ात की और भारतीय स्वतंत्रता के लिए उनकी योजनाओं पर चर्चा की। टॉलस्टॉय ने भारतीय स्वतंत्रता के लिए समर्थन व्यक्त किया और उन्हें अपनी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया।
  • अकादमिक करियर: तारकनाथ दास एक कुशल विद्वान भी थे। उन्होंने कोलंबिया विश्वविद्यालय में राजनीति विज्ञान का अध्ययन किया और बाद में वहीं प्रोफेसर के पद पर नियुक्त हुए। उन्होंने कई अन्य विश्वविद्यालयों में भी पढ़ाया और अंतर्राष्ट्रीय मामलों पर व्याख्यान दिए। उन्होंने कई पुस्तकें और शोध पत्र लिखे, जिनमें भारतीय राष्ट्रवाद, अंतर्राष्ट्रीय संबंध और एशियाई प्रवास के विषय शामिल थे।

विरासत:

तारकनाथ दास एक बहुमुखी व्यक्तित्व थे जिन्होंने भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन और अंतर्राष्ट्रीय संबंधों में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके काम ने भारतीय प्रवासियों के अधिकारों को बढ़ावा दिया और अमेरिका में भारतीय संस्कृति को लोकप्रिय बनाने में मदद की। वह एक प्रमुख शैक्षणिक भी थे जिन्होंने अंतर्राष्ट्रीय राजनीति और एशियाई मामलों को समझने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनकी विरासत आज भी जीवित है और वह भारत और दुनिया भर में एक सम्मानित व्यक्ति के रूप में याद किए जाते हैं।


Taraknath Das was an Indian revolutionary and internationalist scholar. He was a pioneering immigrant in the west coast of North America and discussed his plans with Tolstoy, while organising the Asian Indian immigrants in favour of the Indian independence movement. He was a professor of political science at Columbia University and a visiting faculty in several other universities.